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बर्ड फ्लू की दहशत: पोल्‍ट्री फार्मों के आसपास परिंदों के पर मारने पर भी संचालकों ने लगाई रोक

अशाेक यादव, लखनऊ। बर्ड फ्लू के यूपी में दस्तक के साथ ही पोल्ट्री फार्म संचालकों ने सर्तकता बढ़ा दी है। जमीन से लेकर हवा में सोशल डिस्टेंसिंग रखा जा रहा है। नो फ्लाई जोन बनाकर मुर्गों को संक्रमित होने से बचाने की कोशिशें हो रही हैं।

पोल्ट्री फार्म के इर्द गिर्द पक्षियों को बैठने नहीं दिया जा रहा है। दो से तीन बार फार्मालीन केमिकल का छिड़काव किया जा रहा है। वहीं संक्रमण से बचाव को लेकर बाहरी लोगों का प्रवेश वर्जित कर दिया गया है।

गोरखपुर मंडल में करीब 1200 पोल्ट्री फार्म पर संचालकों द्वारा विशेष सर्तकता बरती जा रही है। पोल्ट्री फार्म के इर्द गिर्द नो फ्लाई जोन बनाकर मुर्गों को संक्रमित होने से बचाया जा रहा है। पोल्ट्री फार्म के इर्द गिर्द नियमित रूप फार्मालीन केमिकल का छिड़काव किया जा रहा है।

जिससे बर्ड फ्लू के साथ अन्य किसी खतरनाक वायरस से बचाव हो सके। पोल्ट्री फार्म संचालक जित्तन जायसवाल का कहना है कि ‘बाहरी लोगों का प्रवेश पूरी तरह वर्जित कर दिया गया है। काम करने वालों का प्रवेश भी फार्मालीन के छिड़काव के बाद ही किया जा रहा है।’

बड़े पोल्ट्री फार्म संचालक नो फ्लाई जोन बनाकर मुर्गों को संक्रमित होने से बचा रहे हैं। संचालकों की कोशिश है कि 40 से 50 मीटर दायरे में कौवा, चील, कबूतर आदि को रोका जा सके। पोल्ट्री फार्म के आसपास बड़े-बड़े पेड़ पौधों को भी काटा जा रहा है।

इसके साथ ही जाली और पॉलीथिन लगाकर मुर्गों को सुरक्षित किया जा रहा है। पोल्ट्री फार्म संचालक अनूप कुमार का कहना है कि ‘मुर्गे को बेहतर तापमान में रखा जा रहा है। इसके लिए लकड़ी के बुरादे को जलाया जाता है।’

पशु चिकित्सक डॉ.वीके भट्ट का कहना है कि ‘कोरोना का वायरस करीब छह फीट तक ही ट्रैवेल करता है, वहीं बर्ड फ्लू का वायरस काफी देर तक हवा में रहता है। ऐसे में यह कोरोना से अधिक खतरनाक है। पक्षी और मानव एक दूसरे के संपर्क में नहीं आएं इसके लिए सोशल डिस्टेंसिंग ही बेहतर बचाव है।

बड़े पोल्ट्री फार्म वाले पीपीई किट का प्रयोग कर रहे हैं। बचाव को लेकर फार्मालीन का छिड़काव जरूरी है। इससे मानव भी सुरक्षित है। इससे चील, कौवे या अन्य पक्षी पास नहीं आते हैं।’ मुर्गे पर छिड़काव के लिए बी 904 का भी प्रयोग किया जा रहा है।

डॉ.संजय कुमार का कहना है कि ‘मुर्गे को सोया, मक्का के साथ अन्य खाद्य पदार्थ दिया जा रहा है। जिससे इम्यूनिटी ठीक रहे। बर्ड फ्लू से बचाव के लिए हाथों को 15 सेकेंड तक धोएं। पोल्ट्री फार्म में काम करने के लिए डिस्पोजेबल ग्लव्स पहनें और इस्तेमाल के बाद इन्हें नष्ट कर दें।

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