
सूर्योदय भारत समाचार सेवा, जबलपुर : पश्चिम मध्य रेल में ओएचइ रखरखाव के समय और निरीक्षण के लिये टावर वैगन की उपयोगिता अत्यन्त महत्वपूर्ण है। टॉवर वैगन एक महत्वपूर्ण वाहन है, जिसमें 04 व्हीलर टॉवर वैगन एवं 08 व्हीलर टॉवर वैगन का उपयोग समय-समय पर निरीक्षण, गश्त और रखरखाव के लिए किया जाता है। इस टॉवर वैगन का मुख्य कार्य ओवर हेड उपकरणों पर कर्षण तार का रखरखाव करना, सभी ओएचई पैरामीटर के मेजरमेंट, खराब उपकरणों पर ध्यान देना, क्षतिग्रस्त ओएचई की बहाली, पुनरस्थापन उपकरण आदि को ठीक करना है। इसके अलावा इसका उपयोग मास्ट को स्थापित करने में, केटेनरी एवं कांटेक्ट तार को लगाने के लिए भी किया जाता है। टावर वैगन कार के द्वारा चालू लाइन मे भी निरीक्षण किया जा सकता है।
उल्लेखनीय है कि पश्चिम मध्य रेल शत प्रतिशत विद्युतीकरण है। विद्युतीकृृत खण्ड के रखरखाव के लिए अलग-अलग मुख्य स्टेशनों पर मेन्टेनेन्स डिपो है। इन डिपो में टॅावर वैगन उपलब्ध हैं। इसी कड़ी में जुलाई माह में जबलपुर मण्डल के बरगवां रेलवे स्टेशन पर कमीशन होने से कटनी-सिंगरौली रेलखण्ड पर ओएचई लाइन के रखरखाव एवं असामान्य घटना में कम समय लगेगा एवं सेक्शन में ओएचई स्टॉफ के घटना स्थल पर पहुँचने में तीव्रता एवं सुगमता मिलेगी। पमरे में 04 व्हीलर टॉवर वैगन (जबलपुर – 05, भोपाल – 09 एवं कोटा – 06) 20 टॉवर वैगन एवं 08 व्हीलर टॉवर वैगन (जबलपुर – 22, भोपाल – 19 एवं कोटा – 17) 58 टॉवर वैगन कमीशन किए गए है।
टॅावर वैगन एक सेल्फ प्रोपेल्ड व्हीकल है तथा इसकी अधिकतम गति 100 केएमपीएच है। विद्युतीकृृत खण्ड में दुर्घटना के समय तथा ओ.एच.ई. के रखरखाव में टॅावर वैगन की अहम भूमिका है। ओ.एच.ई के नियमित निरीक्षण, क्षतिग्रस्त ओ.एच.ई. को सहीं करने तथा छोटी लम्बाई के केटेनरी तथा कॅान्टेक्ट वायर बिछाने के कार्य में इसका उपयोग किया जाता है।